भगवानपुर से विजय भारती की रिपोर्ट
भगवानपुर (बेगूसराय) काम,क्रोध,लोभ, मोह तथा अहंकार से ग्रसित दूनिया में आज़ सभी जगह त्राहिमाम मची हुई है। स्वार्थ और विषय वासना के कारण इंसान हत्या और आत्महत्या कर रहे हैं।रिस्ते की अहमियत दम तोड़ रही है।पवित्र रिश्ता अवित्र हो रहे हैं।भाई का दूश्मन भाई बन बैठा है। धर्म का पाखंड चल रहा है।लोग आज अधर्म को ही धर्म समझ रहे हैं। क्रोधाग्नि में पुरी दुनिया जल रही है। बाबा ने जो 86 वर्ष पूर्व दूनिया महाविनाश की भविष्यवाणी की थी आज़ उसकी रुप रेखा तैयार होती नजर आ रही है। विश्वयुद्ध की संभावना प्रबल होती दिख रही है।

बाबा ने कहा था सतयुग के आगमन से पूर्व इस पतित दूनिया का महाविनाश महाविनाशक परमाणु बमों से होगा। भारत में गृह युद्ध होगा, प्राकृतिक आपदाएं होगी और इसतरह मानव सभ्यता का अंत हो जाएगा।सभी जीव जन्तु मृत्यु को प्राप्त होंगे। उपरोक्त उद्गार व्यक्त करते हुए प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय तेघरा सेवा केन्द्र के संचालिका बी के आशा दीदी ने आगे कहा कि आने वाले पवित्र दूनिया में जाने के लिए लोगों को बाबा के द्वारा बताए गए राजयोग के माध्यम से पवित्र बनना होगा।काम,क्रोध,लोभ, मोह तथा अहंकार को त्यागना होगा।मन, वचन कर्म से पवित्र बनना होगा।

आत्मा और परमात्मा शिव को जानना होगा।शरीर और आत्मा में भेद को भी समझना होगा । उन्होंने उपस्थित लोगों को क्षमाशील बनने का भी आह्वान किया। उन्होंने कहा कि क्षमा कमजोर नहीं बल्कि शक्ति सम्पन्न लोग करते हैं। क्षमा करना कमजोरी नहीं है। उन्होंने आगे कहा कि आज़ दुःख ही दुःख है तो पावन दूनिया में सुख शांति होगी। दुःख लेस मात्र न होगा।गाय और बाघ एक घाट में एक साथ पानी पियेंगे भय नाम की कोई चीज नहीं होगी। लक्ष्मी नारायण का साम्राज्य स्थापित होगा।

तब सभी लोग देवी और देवता होंगे। इसलिए उस पवित्र दूनिया में जाने के लिए हमसभी को पवित्र बनना होगा। विदित हो कि प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय तेघरा सेवा केन्द्र के संचालिका पूज्यनीया बी के आशा दीदी के सौजन्य से प्रखंड क्षेत्र के अतरूआ गांव स्थित ब्रह्म स्थान में विगत 4 मई से 6 मई तक शिव महिमा सह शिव अवतरण महोत्सव के उपरांत अभी तक लगातार आत्मा और परमात्मा शिव महिमा की विशेष वर्ग चल रहे हैं जिसमें अतरूआ सहित आसपास गांव के सैकड़ों स्त्री पुरुष जिज्ञासु उमड़ रहे हैं।
