भगवानपुर (बेगूसराय) भीषण गर्मी के बीच बिजली की आंख मिचौली से उपभोक्ता खाशे परेशान दीख रहे हैं। चौबीस घंटे बिजली दिये जाने की बात सरकार की डपोरशंखी वादा साबित हो रहा है।

आसमान से आग उगलती धूप तथा उमस भरी गर्मी लोगों को यूं ही सता रही है और इसी बीच बिजली की कटौती तन को ही नहीं मन को भी झकझोर देता है वहीं ज्यादा देर तक जब बिजली रानी उपभोक्ता से बेवजह रुठी रहती है तब उपभोक्ता अपने प्रेमीका के वियोग में जल बिन मछली की तरह तरपता रहता है।

साथ रहने की जो आदत बन गई है। एक पल की जुदाई तो बर्दाश्त नहीं होता भला घंटों की जुदाई बर्दाश्त कैसे हो? अभी दूरदर्शन, मोबाइल फोन की आवश्यकता भी उसी से पुरी होती है बावजूद इसकी परवाह लोगों को नहीं है। अभी तो बेतहाशा गर्मी से निजात मिल सके इसके लिए बिजली चाहिए।

सुबह में अगर थोड़ी देर बिजली की कटौती होती है तो उपभोक्ता को उतना नहीं अखरता, लेकिन दस बजे दिन के बाद जब गर्मी चरम की ओर बढ़ती है तब उसका रुठना लोगों को बहुत अखरता है। बुधवार को भी दिन में कयी वार बिजली आंख मार कर मुंह घुमाकर फूर्र हो गई, उपभोक्ता उसकी राहों में नैन पावरे हो रहे थे।

